श्रावण, कांवड़ यात्रा और पर्वों की तैयारियों पर मुख्यमंत्री योगी सख्त, सुरक्षा से लेकर ओवररेटिंग तक दिए कड़े निर्देश।
लखनऊ। उत्तर प्रदेश के मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ ने शनिवार को राजधानी लखनऊ में शासन स्तर के वरिष्ठ अधिकारियों के साथ आगामी श्रावण मास, कांवड़ यात्रा तथा विभिन्न धार्मिक पर्वों की तैयारियों की उच्चस्तरीय समीक्षा बैठक की। बैठक में मुख्यमंत्री ने स्पष्ट कहा कि प्रदेश सरकार की सर्वोच्च प्राथमिकता प्रत्येक श्रद्धालु की सुरक्षा, सुविधा और सम्मान है। उन्होंने अधिकारियों को निर्देश दिए कि कांवड़ यात्रा के दौरान कानून-व्यवस्था, यातायात, स्वास्थ्य सेवाएं, स्वच्छता, पेयजल, खाद्य सुरक्षा और जनसुविधाओं की ऐसी व्यवस्था सुनिश्चित की जाए कि किसी भी श्रद्धालु को किसी प्रकार की असुविधा का सामना न करना पड़े।

मुख्यमंत्री ने कहा कि उत्तर प्रदेश में हर वर्ष लाखों शिवभक्त कांवड़ यात्रा में भाग लेते हैं। यह केवल धार्मिक आस्था का विषय नहीं, बल्कि प्रदेश की प्रशासनिक क्षमता और व्यवस्था का भी बड़ा परीक्षण होता है। इसलिए सभी विभाग आपसी समन्वय के साथ कार्य करें और प्रत्येक जिम्मेदारी का समयबद्ध तरीके से पालन सुनिश्चित करें।
मेरठ जोन की कार्ययोजना पूरे प्रदेश में होगी लागू
मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ ने अधिकारियों को निर्देश दिए कि मेरठ जोन द्वारा कांवड़ यात्रा के लिए तैयार की गई कार्ययोजना को प्रदेश के सभी पुलिस जोनों के साथ साझा किया जाए। उन्होंने कहा कि जहां भी अच्छी व्यवस्थाएं विकसित की गई हैं, उन्हें पूरे प्रदेश में लागू किया जाना चाहिए ताकि हर जिले में समान स्तर की सुरक्षा और सुविधाएं उपलब्ध कराई जा सकें।
कांवड़ संघों से लगातार संवाद बनाए रखें
मुख्यमंत्री ने कहा कि जिला प्रशासन और पुलिस अधिकारियों को कांवड़ संघों एवं शिविर संचालकों के साथ लगातार संवाद बनाए रखना चाहिए। उन्होंने निर्देश दिए कि सभी शिविर संचालकों का समयबद्ध सत्यापन कराया जाए तथा हरियाणा, राजस्थान, दिल्ली और उत्तराखंड के प्रशासनिक अधिकारियों के साथ बेहतर समन्वय स्थापित किया जाए। इससे कांवड़ यात्रा के दौरान निर्धारित ऊंचाई और अन्य मानकों का पालन सुचारु रूप से कराया जा सकेगा।
यात्रा मार्ग पूरी तरह सुरक्षित और सुगम हों
मुख्यमंत्री ने अधिकारियों को निर्देश दिए कि कांवड़ यात्रा मार्गों की पूरी तरह मरम्मत कराई जाए। जहां सड़कें क्षतिग्रस्त हैं, उन्हें तत्काल दुरुस्त किया जाए। इसके साथ ही यात्रा मार्गों पर पर्याप्त स्ट्रीट लाइट, स्वच्छ पेयजल, शौचालय, चिकित्सा सहायता केंद्र, साफ-सफाई और अन्य मूलभूत सुविधाएं उपलब्ध कराई जाएं ताकि श्रद्धालुओं को किसी प्रकार की परेशानी न हो।
उन्होंने कहा कि स्थानीय निकायों और संबंधित विभागों को संयुक्त रूप से कार्य करते हुए यात्रा मार्गों को स्वच्छ और सुरक्षित बनाए रखना होगा।
मांस और मदिरा की दुकानें रहेंगी बंद
मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ ने स्पष्ट निर्देश दिए कि कांवड़ यात्रा मार्ग पर मांस और मदिरा की दुकानें बंद रहेंगी। उन्होंने कहा कि खाद्य पदार्थों में मिलावट, गंदगी और ओवररेटिंग किसी भी स्थिति में स्वीकार नहीं की जाएगी। सभी दुकानों पर संचालक का नाम स्पष्ट रूप से प्रदर्शित किया जाए ताकि पारदर्शिता बनी रहे।
उन्होंने खाद्य सुरक्षा विभाग को निर्देश दिए कि नियमित निरीक्षण किए जाएं और मिलावट या अनियमितता पाए जाने पर तत्काल कठोर कार्रवाई की जाए।
डीजे और ध्वनि प्रदूषण पर भी रहेगा नियंत्रण
मुख्यमंत्री ने कहा कि यात्रा के दौरान डीजे का उपयोग निर्धारित ध्वनि मानकों के अनुरूप ही किया जाए। अत्यधिक तेज आवाज या ध्वनि प्रदूषण फैलाने वालों के खिलाफ नियमानुसार कार्रवाई की जाए ताकि आम नागरिकों और श्रद्धालुओं दोनों को किसी प्रकार की परेशानी न हो।
पुलिस पेट्रोलिंग, सीसीटीवी और ड्रोन से होगी निगरानी
बैठक में मुख्यमंत्री ने पुलिस विभाग को निर्देश दिए कि संवेदनशील क्षेत्रों में पुलिस पेट्रोलिंग बढ़ाई जाए। प्रमुख स्थानों पर सीसीटीवी कैमरों और ड्रोन के माध्यम से चौबीसों घंटे निगरानी रखी जाए। उन्होंने कहा कि किसी भी प्रकार की संदिग्ध गतिविधि पर तत्काल कार्रवाई की जाए।
सोशल मीडिया पर फैलने वाली फर्जी और भ्रामक सूचनाओं को लेकर भी मुख्यमंत्री ने सख्त रुख अपनाया। उन्होंने अधिकारियों को निर्देश दिए कि अफवाह फैलाने वालों की पहचान कर उनके खिलाफ कठोर कानूनी कार्रवाई की जाए तथा गलत सूचनाओं का तुरंत खंडन किया जाए।
बढ़ते जलस्तर और बाढ़ की स्थिति पर भी विशेष सतर्कता
मुख्यमंत्री ने प्रदेश में बढ़ते जलस्तर को देखते हुए सभी जिलाधिकारियों और संबंधित विभागों को निर्देश दिए कि नदी घाटों पर सुरक्षा व्यवस्था मजबूत की जाए। संभावित बाढ़ और कटान वाले क्षेत्रों में राहत एवं बचाव की सभी तैयारियां पहले से पूरी रखी जाएं।
उन्होंने कहा कि स्थानीय प्रशासन लगातार निगरानी बनाए रखे और किसी भी आपात स्थिति से निपटने के लिए आवश्यक संसाधन उपलब्ध रहें।
जनप्रतिनिधियों के साथ बैठक के निर्देश
मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ ने अधिकारियों से कहा कि अगले दो से तीन दिनों के भीतर स्थानीय जनप्रतिनिधियों के साथ बैठक कर शासन की योजनाओं, आगामी कार्यक्रमों और स्थानीय आवश्यकताओं पर चर्चा की जाए। जनप्रतिनिधियों से प्राप्त सुझावों के आधार पर व्यवस्थाओं को और बेहतर बनाया जाए ताकि आम जनता को अधिकतम लाभ मिल सके।
राजस्व वादों और चकबंदी मामलों के शीघ्र निस्तारण पर जोर
बैठक के दौरान मुख्यमंत्री ने राजस्व विभाग के कार्यों की भी समीक्षा की। उन्होंने कहा कि राजस्व वादों का समयबद्ध निस्तारण सुनिश्चित किया जाए। चकबंदी से जुड़े मामलों का समाधान पूरी निष्पक्षता और मेरिट के आधार पर किया जाए ताकि कोई भी विवाद सामाजिक सौहार्द को प्रभावित न कर सके।
ओवर बिलिंग पर सख्त निर्देश
मुख्यमंत्री ने उत्तर प्रदेश पावर कॉरपोरेशन और सभी डिस्कॉम को निर्देश दिए कि बिजली उपभोक्ताओं की ओवर बिलिंग संबंधी शिकायतों का तत्काल समाधान किया जाए। उन्होंने कहा कि प्रत्येक उपभोक्ता से केवल उसके वास्तविक विद्युत उपभोग के अनुरूप ही बिजली बिल लिया जाए। यदि कहीं अनियमितता पाई जाती है तो संबंधित अधिकारियों की जवाबदेही तय की जाएगी।
श्रद्धालुओं की सुविधा सर्वोपरि
बैठक के अंत में मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ ने दोहराया कि श्रावण मास और कांवड़ यात्रा उत्तर प्रदेश की सांस्कृतिक और धार्मिक परंपरा का महत्वपूर्ण हिस्सा हैं। सरकार का उद्देश्य यह सुनिश्चित करना है कि प्रत्येक श्रद्धालु सुरक्षित वातावरण में अपनी आस्था का निर्वहन कर सके। उन्होंने सभी विभागों को पूर्ण समन्वय, संवेदनशीलता और जिम्मेदारी के साथ कार्य करने के निर्देश दिए, ताकि प्रदेश में कांवड़ यात्रा और आगामी सभी पर्व शांतिपूर्ण, सुरक्षित और सुव्यवस्थित ढंग से संपन्न हो सकें।
