देशभर में मौसम का डबल अटैक: कहीं झमाझम बारिश तो कहीं नौतपा की भीषण गर्मी, 18 राज्यों में अलर्ट जारी।
मानसून ने पकड़ी रफ्तार, कई राज्यों में भारी बारिश और तेज आंधी की चेतावनी।

देशभर में मौसम ने अचानक करवट ले ली है। एक तरफ जहां उत्तर भारत के कई राज्यों में नौतपा की शुरुआत के साथ भीषण गर्मी लोगों को परेशान कर रही है, वहीं दूसरी ओर भारतीय मौसम विभाग ने देश के 18 राज्यों में बारिश, तेज हवाओं और आंधी-तूफान का अलर्ट जारी किया है। मौसम के इस बदले मिजाज ने लोगों को गर्मी और बारिश दोनों का एक साथ सामना करने पर मजबूर कर दिया है।
भारतीय मौसम विभाग (IMD) के अनुसार बिहार, उत्तर प्रदेश, हिमाचल प्रदेश, सिक्किम, केरल, तमिलनाडु, आंध्र प्रदेश, तेलंगाना समेत कई राज्यों में अगले कुछ दिनों तक बारिश की गतिविधियां तेज रहने की संभावना है। कई क्षेत्रों में भारी से बहुत भारी वर्षा हो सकती है, जबकि 50 से 70 किलोमीटर प्रति घंटे की रफ्तार से तेज हवाएं चलने की चेतावनी भी जारी की गई है।
नौतपा की शुरुआत से बढ़ी गर्मी।
आज से नौतपा की शुरुआत हो चुकी है। ज्योतिष और मौसम विज्ञान दोनों दृष्टि से नौतपा का विशेष महत्व माना जाता है। इस दौरान सूर्य की किरणें सीधे धरती पर पड़ती हैं, जिससे तापमान तेजी से बढ़ता है। उत्तर भारत के कई राज्यों में पारा 45 डिग्री सेल्सियस के पार पहुंचने की संभावना जताई गई है।
विशेष रूप से राजस्थान, मध्य प्रदेश, दिल्ली, हरियाणा और पश्चिमी उत्तर प्रदेश में लू और भीषण गर्मी का असर दिखाई दे सकता है। मौसम विभाग ने लोगों को दोपहर के समय घरों से बाहर निकलने में सावधानी बरतने की सलाह दी है।
उत्तर प्रदेश और बिहार में बारिश का अलर्ट।
Uttar Pradesh और Bihar में मौसम का मिजाज तेजी से बदल सकता है। मौसम विभाग के अनुसार अगले 48 घंटों में कई जिलों में गरज-चमक के साथ बारिश हो सकती है। कुछ स्थानों पर तेज हवाओं और बिजली गिरने की भी संभावना जताई गई है।
पूर्वी उत्तर प्रदेश के जिलों में हल्की से मध्यम बारिश राहत लेकर आ सकती है, जबकि पश्चिमी हिस्सों में गर्मी का असर बरकरार रहने की संभावना है। बिहार में भी कई जिलों में तेज हवाओं के साथ बारिश का पूर्वानुमान जारी किया गया है।
हिमाचल और सिक्किम में मौसम खराब।
पहाड़ी राज्यों Himachal Pradesh और Sikkim में भी मौसम खराब बना हुआ है। मौसम विभाग ने इन राज्यों में भारी बारिश और भूस्खलन की आशंका जताई है। पहाड़ी क्षेत्रों में यात्रा करने वाले लोगों को सतर्क रहने की सलाह दी गई है।
विशेषज्ञों के अनुसार लगातार बारिश से नदी-नालों का जलस्तर बढ़ सकता है, जिससे निचले इलाकों में जलभराव की स्थिति बन सकती है।
दक्षिण भारत में मानसून का असर तेज।
दक्षिण भारत में दक्षिण-पश्चिम मानसून तेजी से सक्रिय हो रहा है। Kerala, Tamil Nadu, Andhra Pradesh और Telangana में मानसून के प्रभाव से बारिश की गतिविधियां तेज हो गई हैं।
मौसम विभाग ने बताया कि केरल और लक्षद्वीप में अगले चार से पांच दिनों तक भारी से बहुत भारी बारिश हो सकती है। समुद्री क्षेत्रों में तेज हवाएं चलने की आशंका को देखते हुए मछुआरों को समुद्र में न जाने की सलाह दी गई है।
IMD के मुताबिक दक्षिण-पश्चिम मानसून लगातार तेजी से आगे बढ़ रहा है। अगले दो से तीन दिनों में मानसून के दक्षिण-पश्चिम और दक्षिण-पूर्व अरब सागर, कोमोरिन क्षेत्र, दक्षिण-पश्चिम और पूर्वी मध्य बंगाल की खाड़ी तथा अंडमान सागर के बाकी हिस्सों तक पहुंचने के लिए परिस्थितियां अनुकूल बनी हुई हैं।
मौसम वैज्ञानिकों का कहना है कि इस बार मानसून सामान्य से बेहतर रहने की संभावना है। यदि मानसून इसी गति से आगे बढ़ता रहा तो जून के पहले सप्ताह तक कई राज्यों में अच्छी बारिश शुरू हो सकती है।
मौसम विभाग ने कई राज्यों में 50 से 70 किलोमीटर प्रति घंटे की रफ्तार से तेज हवाएं चलने का अलर्ट जारी किया है। तेज हवाओं के कारण पेड़ गिरने, बिजली बाधित होने और कमजोर ढांचों को नुकसान पहुंचने की संभावना जताई गई है।
विशेष रूप से ग्रामीण इलाकों में किसानों को फसलों की सुरक्षा को लेकर सतर्क रहने की सलाह दी गई है। खुले मैदानों और बिजली के खंभों से दूर रहने की भी अपील की गई है।
किसानों के लिए राहत की खबर।
देश के कई हिस्सों में हो रही बारिश किसानों के लिए राहत लेकर आ सकती है। भीषण गर्मी और सूखे जैसे हालात के बीच बारिश से खेतों में नमी बढ़ेगी और खरीफ फसलों की तैयारी में मदद मिलेगी।
हालांकि मौसम विशेषज्ञों ने चेतावनी दी है कि अत्यधिक बारिश वाले क्षेत्रों में जलभराव और फसल नुकसान की संभावना भी बनी रह सकती है। इसलिए किसानों को मौसम अपडेट पर लगातार नजर रखने की सलाह दी गई है।
बड़े शहरों में बढ़ सकती हैं मुश्किलें।
भारी बारिश की चेतावनी के बाद कई बड़े शहरों में प्रशासन अलर्ट मोड पर आ गया है। जलभराव, ट्रैफिक जाम और बिजली आपूर्ति बाधित होने जैसी समस्याएं सामने आ सकती हैं।
Mumbai, Chennai, Bengaluru और Kolkata जैसे शहरों में नगर निगम और आपदा प्रबंधन टीमें सतर्क कर दी गई हैं।
स्वास्थ्य पर भी असर।
एक तरफ तेज गर्मी और दूसरी ओर अचानक बदलते मौसम का असर लोगों की सेहत पर भी पड़ सकता है। डॉक्टरों के अनुसार इस समय हीट स्ट्रोक, डिहाइड्रेशन, वायरल संक्रमण और सर्दी-जुकाम के मामले बढ़ सकते हैं।
विशेषज्ञों ने लोगों को पर्याप्त मात्रा में पानी पीने, धूप में बाहर निकलने से बचने और मौसम के अनुसार खानपान रखने की सलाह दी है।
भारतीय मौसम विभाग ने लोगों से मौसम संबंधी अपडेट पर लगातार नजर रखने की अपील की है। खराब मौसम के दौरान अनावश्यक यात्रा से बचने और प्रशासन द्वारा जारी दिशा-निर्देशों का पालन करने को कहा गया है।
विशेष रूप से बिजली चमकने और तेज आंधी के दौरान खुले मैदानों में न जाने की सलाह दी गई है। पहाड़ी क्षेत्रों में यात्रा करने वालों को सतर्कता बरतने और मौसम साफ होने के बाद ही सफर करने की सलाह दी गई है।
आने वाले दिनों में कैसा रहेगा मौसम?
मौसम विशेषज्ञों के अनुसार आने वाले एक सप्ताह तक देशभर में मौसम का यही मिला-जुला असर देखने को मिल सकता है। उत्तर भारत में नौतपा के कारण गर्मी जारी रहेगी, जबकि दक्षिण और पूर्वोत्तर भारत में मानसून और प्री-मानसून गतिविधियां तेज बनी रहेंगी।

बारिश और गर्मी के इस डबल अटैक के बीच लोगों को सावधानी और सतर्कता बरतने की जरूरत है। मौसम विभाग का मानना है कि जून की शुरुआत तक देश के कई हिस्सों में मानसून पूरी तरह सक्रिय हो सकता है, जिससे तापमान में गिरावट आने की उम्मीद है।