उझानी में बारिश बनी आफत: रेलवे क्रॉसिंग अंडरपास बना तालाब, रेलवे रोड पर विशाल पेड़ गिरने से बिजली और आवागमन बाधित।
उझानी (बदायूं)। नगर में हुई लगातार और तेज बारिश ने एक बार फिर नगर पालिका की जल निकासी व्यवस्था की पोल खोलकर रख दी। महज कुछ घंटों की बारिश के बाद शहर के कई प्रमुख मार्गों पर जलभराव की स्थिति पैदा हो गई। सबसे अधिक प्रभावित क्षेत्रों में रेलवे क्रॉसिंग अंडरपास, रेलवे रोड, पक्का रोड और बधवार कोठी के आसपास का इलाका शामिल रहा। जलभराव के कारण लोगों का दैनिक जीवन पूरी तरह प्रभावित हो गया, जबकि रेलवे रोड पर एक विशाल पेड़ धराशायी होने से बिजली आपूर्ति बाधित हो गई और घंटों तक यातायात ठप रहा।

स्थानीय लोगों के अनुसार, मंगलवार देर रात से शुरू हुई बारिश के बाद सुबह तक शहर के कई हिस्सों में पानी भर गया। रेलवे क्रॉसिंग के नीचे बने अंडरपास में इतना अधिक पानी जमा हो गया कि वह किसी तालाब जैसा दिखाई देने लगा। अंडरपास से दोपहिया और चारपहिया वाहनों का निकलना पूरी तरह बंद हो गया। लोगों को लंबा चक्कर लगाकर अपने गंतव्य तक पहुंचना पड़ा। कई वाहन चालक पानी की गहराई का अंदाजा नहीं लगा सके, जिससे उन्हें परेशानी का सामना करना पड़ा।
इसी दौरान रेलवे रोड स्थित बधवार कोठी के पास एक विशाल पेड़ अचानक जड़ों सहित उखड़कर सड़क पर गिर पड़ा। बताया जा रहा है कि लगातार बारिश और तेज हवाओं के कारण पेड़ कमजोर होकर गिर गया। पेड़ गिरने से सड़क पूरी तरह अवरुद्ध हो गई और दोनों ओर वाहनों की लंबी कतारें लग गईं। सूचना मिलने पर स्थानीय लोग मौके पर पहुंचे और पुलिस तथा संबंधित विभाग को घटना की जानकारी दी गई।
पेड़ बिजली की लाइनों पर भी गिर गया, जिससे आसपास के इलाके की बिजली आपूर्ति बाधित हो गई। कई घंटों तक लोगों को बिजली संकट का सामना करना पड़ा। विद्युत विभाग की टीम मौके पर पहुंची और सुरक्षा व्यवस्था सुनिश्चित करने के बाद पेड़ हटाने तथा बिजली आपूर्ति बहाल करने का कार्य शुरू किया। नगर पालिका के कर्मचारियों ने भी पेड़ की टहनियों को काटकर सड़क से हटाने का प्रयास किया, जिसके बाद धीरे-धीरे यातायात सामान्य हो सका।

बारिश के कारण रेलवे रोड और पक्का रोड पर भी भारी जलभराव देखने को मिला। सड़कें पूरी तरह पानी में डूब गईं, जिससे पैदल चलने वालों, स्कूली बच्चों, व्यापारियों और वाहन चालकों को भारी दिक्कतों का सामना करना पड़ा। कई दुकानों के सामने भी पानी भर गया, जिससे व्यापार प्रभावित हुआ। स्थानीय नागरिकों का कहना है कि हर वर्ष बारिश के मौसम में यही स्थिति बनती है, लेकिन समस्या के स्थायी समाधान की दिशा में अब तक कोई ठोस कदम नहीं उठाया गया है।
स्थानीय लोगों ने बताया कि पक्का रोड पर नाला होने के बावजूद पानी की निकासी सुचारु रूप से नहीं हो पाती। नालों की नियमित सफाई न होने और जल निकासी व्यवस्था कमजोर होने के कारण बारिश का पानी सड़कों पर जमा हो जाता है। लोगों का आरोप है कि बरसात शुरू होने से पहले नालों की सफाई और जल निकासी की व्यवस्था मजबूत की जानी चाहिए थी, ताकि नागरिकों को ऐसी परेशानियों का सामना न करना पड़े।
बारिश के बाद जलभराव के चलते राहगीरों को काफी मुश्किलें झेलनी पड़ीं। कई स्थानों पर लोग घुटनों तक पानी में होकर गुजरने को मजबूर दिखाई दिए। दोपहिया वाहन चालकों को सबसे अधिक परेशानी का सामना करना पड़ा, जबकि कुछ वाहन पानी में बंद भी हो गए। व्यापारियों का कहना है कि जलभराव के कारण ग्राहक दुकानों तक नहीं पहुंच सके, जिससे कारोबार पर भी असर पड़ा।
नगरवासियों ने प्रशासन और नगर पालिका से मांग की है कि शहर के जलभराव वाले क्षेत्रों का स्थायी समाधान कराया जाए। उन्होंने रेलवे क्रॉसिंग अंडरपास से पानी निकालने के लिए आधुनिक पंपिंग व्यवस्था, नालों की नियमित सफाई और जल निकासी प्रणाली को मजबूत करने की मांग उठाई है। लोगों का कहना है कि हर बारिश में एक जैसी स्थिति बनना प्रशासनिक लापरवाही को दर्शाता है।
उधर, प्रशासन की ओर से संबंधित विभागों की टीमों को प्रभावित क्षेत्रों में भेजा गया। पेड़ हटाने, बिजली आपूर्ति बहाल करने और जल निकासी की व्यवस्था को सुचारु करने के प्रयास किए गए। हालांकि समाचार लिखे जाने तक कुछ स्थानों पर जलभराव की स्थिति बनी हुई थी और लोग परेशानी का सामना कर रहे थे।
मौसम विभाग के अनुसार आगामी दिनों में भी क्षेत्र में बारिश की संभावना बनी हुई है। ऐसे में यदि जल निकासी की व्यवस्था समय रहते दुरुस्त नहीं की गई तो शहर के निचले इलाकों में जलभराव की समस्या और गंभीर हो सकती है।

लगातार हो रही बारिश ने एक बार फिर यह साबित कर दिया है कि उझानी शहर को बेहतर जल निकासी व्यवस्था और समय पर रखरखाव की सख्त आवश्यकता है। नगरवासियों को उम्मीद है कि प्रशासन इस बार केवल अस्थायी राहत तक सीमित न रहकर स्थायी समाधान की दिशा में भी प्रभावी कदम उठाएगा, ताकि भविष्य में बारिश लोगों के लिए राहत के साथ-साथ आफत का कारण न बने।
JANPADNEWS24UP संपादक नवीन गोस्वामी।